मुंबई: कूपर अस्पताल में बुर्के को लेकर विवाद, AIMIM नेता ने लगाया भेदभाव का आरोप
मुंबई के कूपर अस्पताल में बुर्का पहनकर पहुंची एक महिला को कथित तौर पर एंट्री नहीं देने का मामला सामने आया है। AIMIM नेता और एडवोकेट जहांआरा शेख ने आरोप लगाया है कि उन्हें बुर्का पहनने की वजह से अस्पताल के मैटरनिटी वार्ड में जाने से रोक दिया गया।
जहांआरा शेख के मुताबिक, उनका एक रिश्तेदार कूपर अस्पताल में भर्ती है और वह उससे मिलने पहुंची थीं। उन्होंने दावा किया कि मैटरनिटी वार्ड के बाहर सिक्योरिटी गार्ड ने उन्हें रोक दिया और बुर्का उतारने के लिए कहा। जहांआरा का आरोप है कि सिक्योरिटी की ओर से कहा गया कि बुर्का पहनने वाले लोग बच्चे चोरी करते हैं।
इस घटना के दो दिन बाद जहांआरा शेख ने बयान जारी कर अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था और मुस्लिम महिलाओं को लेकर कथित भेदभाव पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि बच्चे चोरी करने वाला व्यक्ति किसी भी तरह के कपड़े पहन सकता है, ऐसे में सिर्फ बुर्का या हिजाब पहनने वाली महिलाओं को निशाना बनाना गलत है।
जहांआरा ने सवाल उठाया कि क्या सिर्फ बुर्का पहनने वाले ही बच्चे चोरी करते हैं? उन्होंने कहा कि अगर अस्पताल में सुरक्षा को लेकर चिंता थी, तो जांच का उचित तरीका अपनाया जाना चाहिए था, किसी खास पोशाक को आधार नहीं बनाया जाना चाहिए।